मोबाइल APP भगाएगा मच्छर

मच्छर भगाने के लिए लोग क्या-क्या नहीं करते। महंगे-महंगे लिक्विड खरीदते हैं, घर को धुएं से भर देते हैं, लेकिन फिर भी मच्छरों से पूरी तरह मुक्ति नहीं मिल पाती। इस समस्या को दूर करने के लिए एक कंपनी ने मच्छर भगाने का डिजिटल तरीका इजाद किया है। इसके तहत केवल स्मार्टफोmosquitoन पर एप्लीकेशन इंस्टॉल करने मात्र से मच्छरों को मात दी जा सकती है, वो भी काफी कम खर्च पर। कंपनी ने Hertzian नामक AA लांच किया है, जिसे आसानी से डाउनलोड किया जा सकता है। मोबाइल यूजर्स शुरुआत में ट्रायल वर्जन डाउनलोड कर सकते हैं, अगर उन्हें एप कारगर लगता है तो वो मात्र 60 रुपए देकर इसके सभी फंक्शन का लाभ उठा सकते हैं। ट्रायल वर्जन में कुछ फंक्शन डिसेबल रहेंगे। यह साउंड तकनीक पर काम करता है। एप से एक ऐसी हाई फ्रीक्वेंसी आवाज निकलती है, जिसे मच्छर बर्दाश्त नहीं कर सकते। कंपनी का दावा है कि आवाज के चलते मच्छर आपके आस-पास भटकने की हिम्मत भी नहीं जुटा सकेंगे। इस हाई फ्रीक्वेंसी साउंड को आप और हम नहीं सुन सकते, लेकिन मच्छरों को ये आवाज काफी तेज सुनाई देगी। आवाज का वॉल्यूम कितना रखना है, ये भी आप एक स्लाइडर की मदद से तय कर सकते हैं।

आप बिजी हैं तो एप भेज देगा गर्लफ्रेंड को Message

 जgirlब नया-नया प्यार परवान चढ़ता है तो अपेक्षाएं भी एवरेस्ट पर पहुंच जाती हैं। ऐसे में हर थोड़ी देर में फोन या एसएमएस का इंतजार करना आम है। खासकर लड़कियां इन मामलों में ज्यादा भावुक होती हैं, और यदि उनकी अपेक्षाओं के अनुरूप रिस्पांस नहीं मिलता तो फिर आप समझ सकते हैं कि बॉयफ्रेंड का क्या होगा। लडक़ों की इस समस्या को सुलझाने के लिए ब्रो-एप बाजार में आया है। जो निर्धारित समय पर अपने आप आपकी गर्लफ्रेंड को प्यार भरा संदेश भेज दिया। यानी अगर आप संदेश भेजना भूल भी जाते हैं तो डरने की कोई बात नहीं, आपकी गर्लफ्रेंड को पता भी नहीं चलेगा कि जो मैसेज उसे मिला है वो आपने नहीं एप ने भेजा है। एंड्रायड एप पर इसे फ्री में डाउनलोड कर सकते हैं, जबकि आईफोन यूजर्स को 65 रुपए के आसपास शुल्क देना होगा। एप इंस्टॉल करने के बाद आपको अपनी गर्लफ्रेंड का नंबर एप में फीड करना होगा। ऐसा करने के बाद आप अपना पसंदीदा लव मैसेज चुन लीजिए, उसे भेजने का टाइम सेट कर दीजिए और टेंशन मुक्त हो जाइए। आप चाहें तो प्रतिदिन एक मैसेज या एक दिन में कई मैसेज भी एप भेज सकता है। आप जिस वाईफाई से अपने मोबाइल डाटा कनेक्शन का इस्तेमाल करके मैसेज भेजना चाहते हैं, वो भी अपने सभी लिख दीजिए। हालांकि, अगर आपकी गर्लफ्रेंड ने आपके प्यार भरे Message के बदले में कोई मैसेज भेजा तो एप उसका जवाब नहीं भेज पाएगा।

पल में पता चलेगी Mobile की लोकेशन

मोबाइल चाहे सस्ता हो या महंगा खो जाए तो दिल रोने लगता है। इसे ध्यान में रखते हुए कई कंपनियों ने ट्रैकिंग एप बाजार में उतारे हैं,trackingi इस्तेमाल में आसान होने के साथ ही ये एप Mobile ट्रैकिंग के अलावा कई अन्य फीचर्स भी मुहैया कराते हैं। कुछ एप ऐसे भी हैं, जिनमें अपनी करेंट लोकेशन को अपने परिवार या दोस्तों के बीच शेयर किया जा सकता है, ऐसे में आप कहां हैं, इसकी जानकारी उन्हें भी हो जाएगी। पुणे-लोनावला रूट पर कुछ वक्त पहले ऐसे ही एप की मदद से एक युवती फर्जी पुलिस के चंगुल से आजाद हो सकी थी। यहां हम आपको कुछ ऐसे एप की जानकारी दे रहे हैं, जो आपके लिए काफी फायदेमंद हो सकते हैं।

Security and Antivirus
इस एप में यूजर्स के लिए एक कंट्रोल पैनल होता है, जिसकी मदद से वो अपने एंड्रायड फोन को आसानी से ढूंढ सकते हैं। इसे गूगल प्लेस्टोर से आसानी से डाउनलोड किया जा सकता है। यदि आपका फोन कहीं खो गया है तो, इस एप की मदद से आप के कई फंक्शन ऑन-ऑफ कर सकते हैं। जैसे, रिंगटोन, जीपीएस आदि। इसके अलावा आप अपने मोबाइल का डाटा भी दूर से बैठे-बैठे ही डिलीट कर पाएंगे और मैप की मदद से मोबाइल की लोकेशन का भी पता लगा सकेंगे।

Android device Manager
यह एप भी मोबाइल गुम होने के बाद उसकी खोज में आपका मददगार साबित हो सकता है। एप इंस्टॉल करने के बाद आपको इसे अपने गूगल अकाउंट से कनेक्ट करना होता है। इसके बाद जितनी बार भी एप एक्टिव होगा, उसकी जानकारी आपके गूगल अकाउंट पर पहुंच जाएगी। एप की सबसे खास बात यह है कि आप गूगल अकाउंट के जरिए अपने मोबाइल का पिन भी बदल पाएंगे, साथ ही डाटा भी डिलीट कर सकते हैं। इसे भी गूगल प्लेस्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है।

Find my Phone
खासतौर पर विंडोज 7 और 8 ऑपरेटिंग सिस्टम वाले मोबाइल फोन के लिए यह एप तैयार किया गया है। बाकी एप की तरह ये भी आपको मोबाइल टै्रक करने की सुविधा देता है। एप डाउनलोड करने के बाद उसे विंडोजडॉटकॉम से कनेक्ट करना पड़ता है, फिर आपके मोबाइल की लोकेशन आसानी से ट्रैक हो जाती है। साथ ही फोन के फंक्शन जैसे मोड आदि को इस एप की मदद से बदला जा सकता है। इसके अलावा ये एप फोन का डाटा लॉक या डिलीट करने की आजादी भी देता है।

जल्द खत्म हो जाता है Data Pack, तो ये टिप्स आजमाएं

स्मार्टफोन यूजर्स की सबसे बड़ी शिकायत यही रहती है कि उनका डाटा पैक (DATA PACk) बहुत जल्दी खत्म हो जाता है। कई बार तो यूजर्स इसके लिए mobileटेलीकॉम कंपनी तक से भिड़ जाते हैं, जबकि हकीकत ये है कि डाटा पैक जल्द खत्म होने की वजह उनकी लापरवाही और अनभिज्ञता है। अधिकतर यूजर्स को इस बात की जानकारी ही नहीं होती कि स्मार्टफोन में ही डेटा खर्च को नियंत्रित करने के ऑप्शन्स मौजूद हैं। दरअसल, कई एप ऐसे होते हैं, जो समय-समय पर अपडेट होते रहते हैं। हर बार अपडेट का मतलब है, हर बड़ी मात्रा में डाटा खत्म होना। कुछ एप्स तो एक बार अपडेट के लिए 40 एमबी तक डाटा खर्च कर देते हैं। इसलिए ये बेहद जरूरी है कि हम डाटा के इस खर्च को नियंत्रित करें। सबसे पहले Google Play Store में जाकर सेटिंग से ऑटो अपडेट को बंद कर दें। ऐसी स्थिति में कोई भी एप अपडेट होने से पहले आपकी इजाजत मांगेगा। लिहाजा जिसको अपडेट करना आप जरूरी समझते हैं, केवल उसी से डाटा खर्च होगा।

लिमिट सेट करें
स्मार्टफोन में प्रतिदिन के हिसाब से डाटा खर्च करने की लिमिट निर्धारित की जा सकती है। इससे आपको पता चलता रहेगा कि हर रोज आप कितना डाटा खर्च कर देते हैं। फोन की डाटा सेटिंग में जाकर लिमिट सेट की जा सकती है। ऐसे में यदि आपका डाटा खर्च ज्यादा हो रहा होगा, तो मोबाइल आपको अलर्ट कर देगा। अधिकतर यूजर्स स्माटफोन के इस फंक्शन का इस्तेमाल ही नहीं करते। अगर आप भी ऐसे ही यूजर्स में से एक हैं तो तुरंत अपनी आदत बदल डालिए। इस एक छोटे से बदलाव से आपका डाटा पैक ज्यादा चल सकता है।

एप बंद नहीं
एप को बंद नहीं करना भी डाटा जल्द खत्म होने की एक वजह है। ज्यादातर यूजर्स एप को सही ढंग से बंद करने के बजाए ऐसे ही बाहर निकल आते हैं, जिससे एप इस्तेमाल न होने के बावजूद डाटा खर्च होता रहता है। उदाहरण के तौर पर आपने फेसबुक या वाट्सएप ओपन किया और काम खत्म होने के बाद बैक करके बाहर आ गए। इस स्थिति में एकदम स्क्रीन पर भले ही दिखाई न दे रहे हों, मगर बैकग्राउंड में चल रहे होते हैं। यानी आपके डाटा का इस्तेमाल हो रहा होता है। लिहाजा ये बेहद जरूरी है कि सही ढंग से एप को बंद किया जाए, इससे दो फायदे होंगे। एक तो आपका डाटा कम खर्च होगा और दूसरा मोबाइल का बैटरी बैकअप भी बढ़ेगा।टिप्स-बैकग्राउंड में चल रहे एप को ऑटोमैटिकली बंद करने के लिए आप सेटिंग में डाटा यूजेज में जाकर बैकग्राउंड डाटा को रिस्ट्रिक्ट कर सकते हैं। इस स्थिति में केवल तभी डाटा खर्च होगा जब आप एप ओपन करेंगे।

ऑटो डाउनलोड
वैसे तो वाट्सएप ज्यादा डाटा खर्च नहीं करता, लेकिन अगर आपने सेटिंग में बदलाव नहीं किए तो डाटा खर्च होने की रफ्तार खुद ब खुद बढ़ जाती है। दरअसल, वाट्सएप में इमेज ऑटो डाउनलोड का ऑप्शन बायडिफॉल्ट ऑन रहता है, यानी आपके संदेशों में जो भी फोटो आती है, वो अपने आप डाउनलोड हो जाती है। फिर भले ही आप ऐसा चाहते हों या नहीं। इसलिए डाटा बचाने के लिए वाट्सएप की सेटिंग में जाकर ऑटो डाउनलोड को ऑफ कर दें।

कितना चार्ज करें मोबाइल

पुणे निवासी अमित ने एक नामी कंपनी का एंड्रायड फोन खरीदा, अभी 6 महीने भी नहीं गुजरे होंगे कि फोन की बैटरी खराब हो गई। अमित फोनcharging लेकर कंपनी के सर्विस सेंटर पहुंचे, वहां उन्हें जो बताया गया वो गलतियां अधिकतर मोबाइल यूजर्स करते हैं। मसलन, दूसरे चार्जर का इस्तेमाल, रात भर चार्जिंग आदि। एक्सपर्ट का मानना है कि 0 से 100 फीसदी तक कभी चार्ज नहीं करना चाहिए। अगर आपके फोन में लिथियम आयन बैटरी है तो उसे 35 से 80 प्रतिशत के बीच चार्ज करना अच्छा रहेगा। यदि आप बैटरी 20 फीसदी से कम होने से पहले ही उसे चार्ज कर लेते हैं तो अच्छा रहेगा। अमूमन लोग मोबाइल को चार्जिंग पर तब लगाते हैं, तब बैटरी दम तोडऩे का संकेत दे चुकी होती है। कुछ लोग रात को सोते वक्त बैटरी चार्ज करते हैं, जो सुबह उनके उठने तक होती रहती है। ऐसा करना बैटरी लाइफ के लिए नुकसानदायक तो है ही साथ ही उसके एक्सप्लोड होने का खतरा भी बना रहता है।

दूसरे चार्जर को कहें ना
हमेशा ऑरिजनल चार्जर का इस्तेमाल करना चाहिए। जितना संभव हो, मोबाइल के साथ मिले चार्जर को ही प्रयोग में लाएं। दूसरे फोन के चार्जर्स से बैटरी भले ही चार्ज हो जाए, लेकिन इसकी लाइफ प्रभावित होती है। अगर फोन नया है तो पहली बार बैटरी पूरी डिस्चार्ज होने दें, उसके बाद ही उसे चार्जिंग पर लगाएं।

ये छोटा कैमरा है बहुत कमाल Gopro hero4 session

  • कंपनी-GoPro
  • मॉडल-Hero4 session
  • कीमत-डॉलर 399.99

अक्सर घूमने-फिरने के दौरान कैमरे को संभालना किसी दिक्कत से कम नहीं रहता, इसकी वजह है, साइज। हमारी जरूरतों के मुताबिक नामी कंपनियों ने बड़ी-बड़ी gopro3खूबियों वाले कई कैमरे बाजार में उतारे हैं, लेकिन इन कैमरों का साइज भी इनकी खूबियों जितना बड़ा रहता है। नतीजतन जो पल हमें अपनों के साथ बाहों में बाहें डालकर गुजारने चाहिए, उसमें हम कैमरा ही संभालते रह जाते हैं। हमारी इस समस्या को दूर करने के लिए GoPro ने हीरो4 सेशन  (hero4 session) लांच किया है। इस कैमरे की सबसे खास बात यह है कि ये कंपनी का अब तक का सबसे छोटा और हल्का कैमरा है। लेकिन इसके साइज को देखकर आप इसकी खूबियों को कमतर आंकने की भूल कतई मत कीजिएगा। कंपनी ने हीरो4 सेशन में उन सभी फीचर्स को समेट दिया है, जो अमूमन बड़े कैमरों में नजर आते हैं। वन बटन कंट्रोल की सुविधा के साथ इस कैमरे से 1080पी60 का वीडियो और 8 मेगापिक्सल की फोटो भी खींची जा सकती है। GoPro के बाकी कैमरों से हीरो4 सेशन 50 फीसदी छोटा और 40 फीसदी हल्का है। इससे आप अंदाजा लगा सकते हैं कि हीरो4 सेशन के साथ फोटोग्राफी/वीडियोग्राफी कितनी आसान हो जाएगी। बेहद खूबसूरत डिजाइन वाले इस कैमरे की फिलेक्सबिल्टी भी गजब की है।

प्रोफेशल वीडियो क्वॉलिटी
हीरो4 सेशन की वीडियो क्वॉलिटी आपको हैरान कर देगी। 1440पी30 और 1080पी60 के हाई रिज्यूलूशन वीडियो को देखने वाला एकबारगी विश्वास नहीं कर पाएगा कि ये वीडियो इस छोटे से कैमरे से शूट किया गया है।

पावरफुल फोटो कैप्चर
सटीक फोटोग्राफी के लिए हीरो4 सेशन में कई मोड्स दिए गए हैं। 8 मेगापिक्सल के साथ आप उम्दा क्लीयेरिटी वाली फोटो क्लिक कर सकते हैं। ये कैमरा आपको पांच सेकेंड से लेकर 60 सेकेंड के अंतराल में टाइम लैप्स फोटो खींचने की आजादी भी देता है।

भीगने का डर नहीं
हीरो4 सेशन की एक खास बात ये भी है कि इसे पूरी तरह वॉटर प्रूफ( Water Proof) बनाया गया है। यानी आप बारिश में भीगते हुए भी इसमें आपनी यादों को कैद gopro2कर सकते हैं। इतना ही नहीं अगर आप कैमरे के साथ वॉटर स्पोट्र्स (sports) का लुत्फ उठाते हुए 10 मीटर गहराई में भी चले जाते हैं तो कोई टेंशन की बात नहीं है, आपके कैमरे का कुछ बिगडऩे वाला नहीं।

हीरो4 सेशन को ऑपरेट करना इतना आसान है कि छोटे बच्चे भी इससे फोटो क्लिक कर सकते हैं। कैमरे के टॉप में पावर का बटन ऑन करते ही कैमरा हरकत में आ जाता है। इसी बटन को दोबारा दबाकर कैमरे को ऑफ किया जा सकता है। कुल मिलाकर कहा जाए तो इस एक बटन से पूरे हीरो4 सेशन को कंट्रोल किया जाता है।

 

अन्य खासियतें
हीरो4 सेशन का वाइड एंगेल काफी अच्छा है, यानी आप अपने आसपास की खूबसूरती को इसमें बिना किसी परेशानी के कैद कर सकते हैं। इसके अलावा कैमरे में ऑटो-लो-लाइट फीचर भी दिया गया है। लाइटिंग कंडीशन को ध्यान में रखते ऑटो- लो-लाइट मोड खुद ब खुद फ्रेम रेट्स चेंज कर लेता है। बाकी कैमरों की तरह आपको इसके लिए कैमरा सेटिंग में जाने की भी जरूरत नहीं। लाइव रिकॉर्डिंग के दौरान आप किसी भी मूवमेंट को मार्क कर सकते हैं, ताकि आप बाद में अपनी बेस्ट क्लिप को आसानी से खोज सकें। हीरो4 सेशन में दो माइक दिए गए हैं, जो जरूरत के हिसाब से खुद ब खुद एडजस्ट हो जाते हैं। यानी जैसे अगर आप ऐसी जगह शूट कर रहे हैं, जहां हवा का शोर काफी ज्यादा है तो कैमरा अपने आप माइक को बेस्ट शूट मोड में ले जाएगा।

बैटरी चलती जाए
कैमरे की जल्दी-जल्दी लो होने वाली बैटरी रंग में भंग डालने का काम करती है, इसे देखते हुए GoPro ने हीरो4 सेशन में खास फीचर्स दिए हैं। इस कैमरे में बैटरी इनबिल्ड है, जो फुल चार्ज होने पर दो घंटे तक लगातार रिकॉर्डिंग की आजादी देती है। साथ ही इसमें यूएसबी फीचर भी दिया गया है, ताकि आप केबल से कनेक्टर कम्प्यूटर पर काम करते-करते भी कैमरा चार्ज कर सकते हैं। इसके अलावा हीरो4 सेशन में वॉल चार्जर का ऑप्शन भी है। हीरो4 सेशन में ब्लूट्रूथ और वाईफाई भी है, इससे आप फोटो या वीडियो को तुरंत सोशल मीडिया साइट पर शेयर भी कर सकते हैं।